The Diary Game is 1910 entry 10th April 2026. Children's art day.
Morning time.
सुबह नींद से मैं 4:35 पर जाग गया तब मैं अपने फोन को देखता हूं तो अभी समय है इसलिए मैं फिर से सो जाता हूं लेकिन नींद नहीं आ रही है मुझे उम्मीद थी कि मुझे नींद आ जाएगी काफी थका हुआ था इसलिए मुझे अच्छी नींद आने की जरूरत थी उसके बाद में 4:55 पर जाग गया हूं फिर मैं कमरे से बाहर आओ अपने लिए गिलास पानी किया तभी अलार्म बजाना शुरू हुआ मैंने अलार्म को बंद किया और फ्रेश होने चला गया वापस आया और अपना व्यायाम शुरू किया व्यायाम पूरा होने में लगभग 10 से 15 मिनट लगे उसके बाद में दूध लेने गया वापस आया और स्नान की तैयारी की जिसमें मैंने सभी पौधों को पानी दे दिया है फिर मैं तैयार होने के बाद अपना नाश्ता किया और लगभग 7:55 पर मैं विद्यालय पहुंच गया विद्यालय पहुंचने के बाद मैंने अपना कंप्यूटर ओपन किया और एक बच्चों के लिए कल पेपर निकाला जिसमें वह देखकर कोई अच्छा चित्र बना सके इसलिए मैं बाद में कक्षा में जाता हूं और एक छात्रा को लेता हूं और वह चित्र बनाना शुरू करते हैं क्योंकि मुझे उम्मीद है कि बेहतर बनाएंगे और मेरे लिए सबसे जरूरी है प्रस्तुति करना।
हर कक्षा में मैं एक ही चित्र बावत हूं क्योंकि मुझे उम्मीद है उसे एक नया अनुभव होगा लेकिन सभी कक्षा में अलग-अलग छात्र है यह कक्षा साथ में गया वहां पर चित्र बनाना शुरू कर आखिर कक्षा 6 और कक्षा 5 में मैं चित्र बनाना शुरू किया लेकिन कक्षा छात्र छे ने बहुत ही शानदार चित्र बनाया क्योंकि वह जैसे उसकी बहन कक्षा आठवीं बनती थी उससे बेहतर कल वह कक्षा 6 में बनती है मुझे उम्मीद है कि आने वाले दिनों में यह कलाकार और भी बेहतर कार्य कर सकता है इसलिए मैं अपनी तरफ से पूरा प्रयास करूंगा इस और भी अच्छा सीखने की कोई कमी आती है तो पूरी कोशिश करूंगा क्योंकि बेहतर बनाने में थोड़ा वक्त लगता है लेकिन बन जाएगी।
दोपहर का समय हो गया 1:30 हुए थे तब मैंने अपना भोजन खिला और देखा कि आज आलू और गोभी की सब्जी है गोभी की सब्जी मुझे हमेशा पसंद होती है लेकिन यह सर्दियों में देखना मिलती है लेकिन आजकल गर्मियों में भी आ रही है हमारे यहां पर घर के बगीचे में भी हमने आलू कीगोभी लगाइए फिर मैं टहलने निकल जाता हूं वापस आता हूं और अपने कार्य में लग जाता हूं आने वाले दिनों में मैं कम थी जिसे कर रहा हूं जिस कारण में अपना कोई भी कार्य नहीं छोड़ रहा मुझे लगता है कि आने वाले दिनों में बढ़ सकता है
शाम हो गई है फिर मैंने अपना ऑफिस बंद करो घर जाने की तैयारी कर रहा हूं लेकिन मुझे उससे पहले बाजार में जाना है आप कुछ वस्तु खरीदनी है मैं हमेशा दूंगा कभी-कभी खाली समय मिल जाता है लेकिन फिर घर से कॉल आता है कि हमारे लिए बोले लेकर आने हैं तब मैं एक ठेले के पास जाता हूं वहां पर बोले के लिए बोलता हूं मैंने कहा भैया किडनैप मैं ₹20 के दे दीजिए हमारे बोले दिए यह बहुत ही शानदार है क्योंकि बोले में कोई भी स्वादिष्ट पर नहीं है लेकिन मजेदार रह सकता है फिर मैं लेकर घर जाने की तैयारी कर रहा हूं।
घर पहुंचा घर पहुंचने के बाद कर सबसे पहले अपने कपड़े चेंज किया उसके बाद फिर मैं अपना भोजन करता हूं भोजन करने के बाद थोड़ा डिटेल डालता हूं फिर कपड़ों प्रेस करता हूं शाम का समय होने वाला है पूरा हो चुका है रात का समय हो गया इसलिए मैं थोड़ा सा टीवी देख रहा हूं क्योंकि मुझे जानता है कि थोड़ा समय देना चाहिए लेकिन मैं टीवी देखना अच्छा लगता है तब मैं अपने घर की एक छोटी सी कोने की तस्वीर लेता हूं घर को सुंदर बनाने के लिए काफी मेहनत करनी होती है लेकिन यह बहुत ही खूबसूरत है।
| Photos captured by | @ahlawat |
|---|---|
| The Diary Game | Remember God to make one day better. |
| Device name | Nothing |
| Location | Khatauli |
| 25% to | @null |
| I hope you like this. | Thanks for reading. You are all welcome.. |






